ईरान.अमरीका और पांच अन्य वैश्विक ताक़तों के ईरान से समझौते से भारत को चौतरफ़ा फ़ायदा हो सकता है. कुछ साल पहले भारत ईरान से ख़ासी मात्रा में कच्चा तेल आयात करता था. साऊथ एशिया क्लियरिंग के ज़रिए डॉलर रहित व्यापार भारत के लिए काफ़ी आकर्षक था.
लेकिन पूरे विश्व पर ईरान से तेल निर्यात न करने के अमरीकी दबाव के कारण भारत की इस तेल व्यापार में भागीदारी ख़ासी घट गई है. ईरान और अमरीका के नेतृत्व में विश्व की ताक़तों से हुए समझौते के तहत ईरान पांच प्रतिशत शुद्धता से अधिक यूरेनियम का संवर्द्धन रोक देगा और 20 प्रतिशत या अधिक संवर्द्धित यूरेनियम नष्ट कर देगा.
इसके बाद ईरान के तेल और उससे हुई कमाई पर लगे प्रतिबंधों में संभावित ढील से भारत की ईरान से तेल आयात करने की संभावना को बल मिला है.





















