भोपाल .गुजरात के मुख्यमंत्री और बीजेपी के प्रधानमंत्री पद के प्रत्याशी नरेंद्र मोदी के भाषण की भाषा पर केंद्रीय मंत्री राजीव शुक्ला ने उन्हें पार्षद से भी निचले स्तर का नेता करार दिया है। उन्होंने कहा कि मोदी अपनी ही पार्टी की नेता सुषमा स्वराज और अरुण जेटली से क्लास ले लें जिससे भाषा और अंग्रेजी का कुछ ज्ञान ब़़ढ जाए। उन्हें चाहिए कि अगर किसी की आलोचना भी कर रहे हैं तो चासनी में लपेटकर व्यंग्य करें न कि मसखरों जैसा व्यवहार दिखाएं।
राजीव शुक्ला ने प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में शनिवार को आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि महंगाई सबसे ज्यादा पेट्रोल-डीजल की कीमतों से प्रभावित होती है। मप्र में पेट्रोल पर 16 रुपए और डीजल पर 19 रुपए प्रति लीटर वैट लगता है जिसके कारण दोनों की कीमतें अधिक हैं। पेट्रोल और डीजल पर टैक्स से करीब 1.30 लाख करो़़ड रुपए सरकारों को मिलता है जिसमें राज्य सरकारों को 70 हजार करो़़ड मिलता है। यही नहीं इसमें भी राज्य सरकारों को केंद्र टैक्स में से 33 फीसदी अंश वापस करती है यानि पेट्रोल-डीजल का सबसे ज्यादा टैक्स राज्य सरकारों को मिलता है। अगर राज्य सरकारें पेट्रोल-डीजल पर से वैट कम कर दें तो महंगाई भी काफी हद तक कम हो जाएगी।
केंद्रीय मंत्री शुक्ला ने कहा कि मध्यप्रदेश सरकार काफी झूठे आंक़़डे पेश करती है। यह मेरी जानकारी में इसलिए है क्योंकि मैं योजना आयोग से भी जु़़डा हूं। मप्र आज भी शिक्षा के क्षेत्र में देश में 17 वें, स्वास्थ्य में 15 वें और स़़डक में 14 वें स्थान पर है। महिलाओं और जीडीपी के मामले में तो मध्यप्रदेश की हालत बिहार से भी नीचे है।
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि सब काम के लिए प्रधानमंत्री दोषषी है तो फिर सीएम क्या केवल राज्यों में जमीनें बेचने के लिए है। टूरिज्म के मामले में मध्यप्रदेश का योगदान सबसे कम है।





















