सीबीआई निदेशक रंजीत सिन्हा ने माफ़ी मांग रेप से आनंद उठाने की भद्दी टीप बापस ली,उन्होंने कहा कि वह महिलाओं का बेहद सम्मान और आदर करते हैं तथा लैंगिक मुद्दों के प्रति प्रतिबद्ध हैं,उन्होंने खेलों में सट्टेबाजी को वैध किए जाने के संदर्भ में यह टिप्पणी की थी जो की गलत थी
सिन्हा ने कहा, मैंने अपनी राय दी थी कि सट्टेबाजी को वैध घोषित कर देना चाहिए और यदि कानून को लागू नहीं किया जा सकता है तो इसका मतलब यह नहीं है कि कानून बनाए ही नहीं जाने चाहिए। यह कहना उतना ही गलत है जितना यह कहना कि यदि बलात्कार को रोका नहीं जा सकता तो पीड़ित को इसका आनंद उठाना चाहिए।
सिन्हा ने कहा, यदि कोई आहत हुआ है तो मैं खेद प्रकट करता हूं क्योंकि यह अनजाने में हुआ है। मैं महिलाओं और लैंगिक मुद्दों के प्रति गहरा सम्मान रखता हूं सिन्हा ने आज कहा कि कानून का कड़ाई से पालन किया जाना चाहिए और कानून के अनुपालन का अभाव या उसके क्रियान्वयन में इच्छाशक्ति की कमी का मतलब यह नहीं है कि कानून नहीं बनाया जाना चाहिए।
सिन्हा इंडियन एक्सप्रेस के एडिटर इन चीफ शेखर गुप्ता, पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान राहुल द्रविड़ तथा बीसीसीआई के भ्रष्टाचार निरोधक प्रमुख आरएन स्वामी तथा अन्य प्रतिभागियों के साथ एक परिचर्चा में भाग ले रहे थे।





















