नई दिल्ली। भारत में अमेरिकी भी राजनयिक आड़ में कई गंभीर कानूनों का खुला उल्लंघन करते हे लेकिन भारत सरकार सोयी पड़ी रहती हे, उसने अपने देश के सम्मान और अपने गर्व पूर्ण राजनयिकों की रक्षा करने में कभी गम्भीर रूचि नहीं दिखाई इसलिए अमेरिका तो दूर श्रीलंका या बांग्लादेश भी बेपरवाह होकर भारतीय राजनयिक और सम्मानितो से लगातार अपमान जनक दुर्व्यवहार करते रहे हे. भारतीय उच्च न्यायालय में दर्ज व क्षेत्राधिकार का प्रकरण होने पर भी अमेरिका में वीजा धोखाधड़ी और घरेलू नौकरानी का आर्थिक शोषण करने के आरोप में गिरफ्तार राजनयिक देवयानी के साथ अमेरिका में वही सलूक किया गया जो कि खतरनाक अपराधियों के साथ किया जाता है। देवयानी के न सिर्फ अमेरिका में कपड़े उतरवाकर तलाशी ली गई। बल्कि उन्हें सरेआम हथकड़ी लगाई गई और पुलिस स्टेशन में सेक्स वर्करों, अपराधियों और नशेड़ियों के साथ खड़ा किया गया। इसके अलावा उनकी डीएनए स्वैबिंग और मुंह की भी तलाशी ली गई।
भारतीय राजनयिक देवयानी खोबरागड़े ने अमेरिका में अपने साथ हुए दुर्व्यवहार से जुड़ी बातें अपने आईएफएस साथियों को लिखे ईमेल में लिखी। देवयानी ने अपने ईमेल में सरकार से गुजारिश की कि सरकार उनकी और उनके बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जाए और आईएफएस का सम्मान सुरक्षित रखा जाए। जिसको बिना किसी वजह के ठेस पहुंचाई गई है।
अपने साथियों को भेजे गए ईमेल में देवयानी ने लिखा कि अमेरिका में हुए दुर्व्यवहार की वजह से वो कई बार रोई, लेकिन उन्होंने अपना सम्मान बचाए रखने के लिए खुद को संभाले रखा क्योंकि वो अपने देश का प्रतिनिधित्व कर रही थी।
साथियों को भेजा गया देवयानी का ईमेल
‘जब मैं इस सबसे गुजर रही थी, तब मैं कई बार रोई क्योंकि मेरे साथ लगातार ऐसा सलूक किया जा रहा था कि जैसे मैं कोई बड़ी अपराधी हूं। मुझे हथकड़ी लगाना, कपड़े उतरवाकर तलाशी लेना, मुंह की तलाशी लेना, डीएनए स्वैबिंग, अपराधियों और नशेड़ियों के साथ रखना वो भी तब जबकि मुझे राजनयिक होने के नाते विशेष अधिकार मिले हुए हैं। लेकिन इस ज्यादती का सामना करने के लिए मुझे इस बात से शक्ति मिली कि मुझे अपने साथियों और देश का प्रतिनिधित्व पूरे विश्वास और सम्मान के साथ करना है’।
मंगलवार को इस ईमेल के सामने आने के बाद सो रही सरकार हरकत में आई और उसने अमेरिका के सामने कड़ा ऐतराज जताया। आईएफएस ऑफिसर्स एसोसिएशन ने इस मामले में सरकार से दखल की मांग करते हुए कहा है कि अगर अमेरिका बिना शर्त माफी नहीं मांगता है तो सरकार को इस मामले में जवाबी कार्रवाई करनी चाहिए।
देवयानी मामले में भारत के कड़े ऐतराज के बाद अमेरिकी विदेश विभाग ने कहा है कि वो देवयानी मामले में गिरफ्तारी की प्रक्रिया की समीक्षा करेगा। इससे पहले कल भारत सरकार ने साफ कर दिया था कि राजनयिक से बदसलूकी के मामले में वॉशिंगटन को बिना शर्त माफी मांगनी होगी। सरकार ने दिल्ली में अमेरिकी दूतावास के बाहर लगे सुरक्षा बैरिकेड्स हटा लिए, इसके अलावा दूतावास के अधिकारियों से कई सवालों का जवाब भी मांगा गया।





















