सिंगापुर। लिट्टे के खिलाफ युद्ध के अंतिम चरण में कथित मानवाधिकार उल्लंघन की जांच की अंतरराष्ट्रीय मांग का समर्थन करते हुए वित्त मंत्री पी चिदंबरम ने कहा कि श्रीलंका सरकार को इन मामलों की स्वतंत्र जांच करानी चाहिए और इसके लिए जिम्मेदार लोगों को न्याय के कठघरे में खड़ा करना चाहिए।
यहां दूसरे साऊथ एशियन कनवेंशन 2013 के मौके पर मौजूद एक हजार प्रतिनिधियों में से चिदंबरम से सवाल पूछा था कि श्रीलंका में निवेश की अनुमति क्यों दी जाए, जब वहां अल्पसंख्यक वर्ग तमिल समुदाय पीड़ित है, को संबोधित करते हुए चिदंबरम ने कहा, निवेश एक इच्छा है जो राष्ट्रीय सीमाएं नहीं देखती है। यहां मामला मानवाधिकार के उल्लंघन का है।






















