वाराणसी। आम आदमी पार्टी के नेता अरविंद केजरीवाल ने खुद पर नरेद्र मोदी द्वारा की गई ‘एके 49’ और ‘पाकिस्तानी एजेंट’ वाली टिप्पणी पर कड़ी प्रतिक्रिया जताते हुए कहा कि प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार को इस तरह की भाषा शोभा नहीं देती और मोदी को यह बताना चाहिए के दंगा भड़काने के आरोपी नेताओं को टिकट क्यों दिया गया है।
वाराणसी से मोदी के खिलाफ चुनाव लड़ने की घोषणा करने वाले केजरीवाल ने आज करधना गांव में संवाददाताओं से कहा, ‘‘उन्हें (मोदी) मुद्दों पर बात करनी चाहिए और उल्टी सीधी बात नहीं करनी चाहिए। इस तरह के शब्द प्रधानमंत्री पद के उम्मीदवार के व्यक्ति को शोभा नहीं देते हैं।’’ उन्होंने कहा कि मोदी ने उस वक्त मुलाकात नहीं की जब वह गुजरात में विकास को लेकर बात करना चाहते थे।
बाद में केजरीवाल ने ट्वीट किया, ‘‘वह गैस कीमत तथा गुजरात के विकास के फर्जी दावों
पर जवाब नहीं देंगे। क्यों? वह गुजरात में किसानों की आत्महत्या तथा अपनी कैबिनेट में बाबूभाई बोखारिया एवं पुरोषत्तम सोलंकी जैसे भ्रष्ट लोगों को बनाए रखने की मजबूरी के बारे में बात करने से इंकार करते हैं।’’
आप नेता ने कहा, ‘‘वह येदियुरप्पा, श्रीरामलू और रामविलास पासवान जैसे भ्रष्ट लोगों को टिकट देने की मजबूरी पर जवाब नहीं देते। वह मुजफ्फरनगर दंगे के आरोपियों को टिकट देने की मजबूरी पर जवाब देने से इंकार करते हैं। क्यों?’’
मोदी ने आज जम्मू में एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘एके 49 (केजरीवाल) ने अभी नयी पार्टी खड़ी की है। उनकी पार्टी की वेबसाइट पर कश्मीर को पाकिस्तान में दिखाया गया है। उनकी पार्टी के एक वरिष्ठ नेता कश्मीर पर जनमत संग्रह की मांग कर रहे हैं। पाकिस्तान उनके बयान पर झूम रहा है। ये पाकिस्तान के एजेंट हैं, भारत के शत्रु है और पाकिस्तान की भाषा बोल रहे हैं।’’
चुनावी राजनीति में रन फॉर वोट स्कोर के चक्कर में क्या नेता गण भाषा का सयम खोते जा रहे हे.






















