नई दिल्ली। एसबीआई के डिप्टी मैनेजिंग डायरेक्टर श्यामल आचार्य पर घूसखोरी का आरोप लगा है। सीबीआई ने 400 करोड़ रुपये से ज्यादा का लोन बांटने के मामले में श्यामल आचार्य के साथ एसबीआई के पूर्व एजीएम और एक बिजनेसमैन पर केस दर्ज किया है। सीबीआई सूत्रों के मुताबिक वर्ल्ड वाइंड ग्रुप के चेयरमैन पीयूष गोयल ने करीब 400 करोड़ रुपये के कॉर्पोरेट लोन की अर्जी दी थी लेकिन मंजूरी सिर्फ 75 करोड़ रुपये के लिए मिली। जिसके बाद एसबीआई के पूर्व अधिकारी केके कुमार ने घूस देकर लोन पास कराने की योजना बनाई। लेकिन, सीबीआई को मामले की भनक पहले ही लग गई थी।
सीबीआई की टीम ने जब छापा मारा तो उसे श्यामल आचार्य के घर से रोलेक्स की घड़ी और केके कुमार के पास से 7 लाख रुपये नकद बरामद हुए। केके कुमार को 27 नवंबर तक के लिए सीबीआई ने हिरासत में ले लिया है। इस पूरे मामले में एसबीआई का बयान आया है। एसबीआई का कहना है कि डिप्टी एमडी घूस कांड की जांच में सीबीआई का पूरा सहयोग कर रहे हैं। इस मामले की आंतरिक जांच के लिए एसबीआई ने 2 सीनियर एमडी की टीम का भी गठन किया है।























